‘पर उपदेस कुसल बहुतेरे…’ अखिलेश पर BJP का तंज
Dhirendra shastri Akhilesh Yadav controversy: बागेश्वर बाबा पंडित धीरेंद्र शास्त्री के राम और कृष्ण की तुलना करने पर हमलावर बने समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव को उत्तर प्रदेश बीजेपी के अध्यक्ष पंकज चौधरी ने करारा जवाब दिया है।

Lucknow Desk : उत्तर प्रदेश की सियासत में भगवान राम और श्रीकृष्ण को लेकर शुरू हुई बहस अब बीजेपी और समाजवादी पार्टी के बीच सियासी टकराव का नया मुद्दा बन गई है। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के बयान पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव लगातार सवाल उठा रहे हैं। वहीं, अब बीजेपी ने भी इस मुद्दे पर चुप्पी तोड़ते हुए सीधे अखिलेश यादव पर निशाना साधा है। यूपी बीजेपी अध्यक्ष पंकज चौधरी ने रामचरितमानस की चौपाई के जरिए सपा प्रमुख को घेरने की कोशिश की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के साथ वीडियो साझा किया है, जिसके शीर्षक में समाजवादी पार्टी को ‘इच्छाधारी हिंदू’ बताया गया है।
पंकज चौधरी ने अपनी पोस्ट में गोस्वामी तुलसीदास की रामचरितमानस की चौपाई ‘पर उपदेस कुसल बहुतेरे। जे आचरहिं ते नर न घनेरे॥’ का उल्लेख करते हुए कहा कि जिनका खुद का आचरण दूषित है, उन्हें दूसरों को उपदेश देना शोभा नहीं देता। बीजेपी अध्यक्ष का यह बयान सीधे तौर पर अखिलेश यादव के हालिया बयानों पर राजनीतिक पलटवार माना जा रहा है।
बीजेपी की ओर से साझा किए गए वीडियो में समाजवादी पार्टी के संस्थापक मुलायम सिंह यादव, अखिलेश यादव और पार्टी के अन्य नेताओं के पुराने बयान शामिल किए गए हैं। इनमें राम-कृष्ण को लेकर मुलायम सिंह यादव की टिप्पणी, हिंदू धर्म और मंदिरों पर अखिलेश यादव का बयान, सपा प्रवक्ता राजकुमार भाटी की बौद्ध दीक्षा के दौरान ली गई प्रतिज्ञा और एसटी हसन तथा रामगोपाल यादव के बयान दिखाए गए हैं।
दरअसल, विवाद की शुरुआत धीरेंद्र शास्त्री के उस बयान से हुई, जिसमें उन्होंने राम और कृष्ण के स्वभाव की तुलना करते हुए भगवान राम को सीधा और श्रीकृष्ण को टेढ़ा बताया था। उनके इस बयान पर अखिलेश यादव लगातार प्रतिक्रिया दे रहे हैं। अब बीजेपी के पलटवार के बाद यह मुद्दा धार्मिक बहस से आगे बढ़कर यूपी की सियासत में नया राजनीतिक विवाद बनता नजर आ रहा है।



