Rampur पहुंचे सपा सांसदों का प्रतिनिधिमंडल, जौहर यूनिवर्सिटी मामले में डीएम को सौंपा ज्ञापन
जौहर यूनिवर्सिटी के भवनों पर कार्रवाई के विरोध में सपा का प्रतिनिधिमंडल पहुंचा रामपुर, डीएम को सौंपा ज्ञापन।

Lucknow Desk : समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर पार्टी के सांसदों और नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल शनिवार को रामपुर पहुंचा। प्रतिनिधिमंडल ने जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े मामले को लेकर जिलाधिकारी (डीएम) से मुलाकात की और उन्हें ज्ञापन सौंपा। इस दौरान पार्टी नेताओं ने मांग की कि मामले में जो भी फैसला लिया जाए, वह पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत हो।
रामपुर विकास प्राधिकरण पहले ही जौहर यूनिवर्सिटी के 38 भवनों को ध्वस्त करने का आदेश जारी कर चुका है। इसी फैसले के विरोध में समाजवादी पार्टी लगातार अपनी आवाज उठा रही है। इससे पहले भी पार्टी के विधायक, पूर्व विधायक और अन्य नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल रामपुर पहुंचकर इस मुद्दे को उठा चुका है।
शनिवार को पहुंचे प्रतिनिधिमंडल में महाराष्ट्र समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष और विधायक अबू आसिम आजमी, सांसद जावेद अली खान, कैराना सांसद इकरा हसन, हरेंद्र सिंह मलिक, रुचि वीरा, राजीव राय, मोहिबुल्लाह, नीरज मौर्य, जियाउर्रहमान बर्क, देवेश शाक्य, राम शिरोमणि वर्मा और रामपुर के जिलाध्यक्ष अजय सागर सहित कई नेता शामिल रहे।
डीएम से मुलाकात के बाद कैराना सांसद इकरा हसन ने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि जौहर यूनिवर्सिटी को ध्वस्त करने का नोटिस दिया गया है, जिसे लेकर समाजवादी पार्टी गंभीर है। उन्होंने कहा कि इसी मुद्दे पर पार्टी का प्रतिनिधिमंडल रामपुर आया है और प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया है।
इकरा हसन ने कहा कि उनकी मांग है कि पूरे मामले में कानून के अनुसार निष्पक्ष निर्णय लिया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों और शिक्षा से जुड़े संस्थानों के मामलों में सरकार को संवेदनशीलता के साथ काम करना चाहिए।
मीडिया से बातचीत के दौरान इकरा हसन ने सरकार की नीतियों पर भी सवाल उठाए और कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में नए संस्थान स्थापित करने के बजाय पुराने संस्थानों पर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने सरकार की आलोचना करते हुए कई राजनीतिक टिप्पणियां भी कीं।
फिलहाल समाजवादी पार्टी इस मुद्दे को लेकर लगातार विरोध दर्ज करा रही है। पार्टी नेताओं का कहना है कि वे कानूनी और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात आगे भी उठाते रहेंगे। वहीं प्रशासन की ओर से ज्ञापन प्राप्त कर मामले को नियमानुसार देखने का आश्वासन दिया गया है।



