Baghpat : एक्सप्रेसवे पर ट्रैक्टर तिरंगा यात्रा से थमी वाहनों की रफ्तार
भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष के नेतृत्व में निकली ट्रैक्टर तिरंगा यात्रा, एक्सप्रेसवे पर यातायात प्रभावित होने से वाहन चालकों को हुई परेशानी

Lucknow Desk : दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) की ओर से निकाली गई ट्रैक्टर तिरंगा यात्रा के दौरान यातायात प्रभावित रहा। गांगनौली कट की मांग को लेकर आयोजित इस यात्रा में बड़ी संख्या में ट्रैक्टर और बाइक सवार शामिल हुए। एक्सप्रेसवे पर ट्रैक्टरों और बाइकों के पहुंचने से तेज रफ्तार वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई और हादसे की आशंका बनी रही।
भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत के झंडारोहण के बाद ट्रैक्टर तिरंगा यात्रा शुरू हुई। यात्रा को रोकने और यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए एक्सप्रेसवे पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। पुलिस और प्रशासन के आला अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहे और व्यवस्था संभालने में जुटे रहे। हालांकि, इसके बावजूद किसानों ने एक्सप्रेसवे पर ट्रैक्टर तिरंगा यात्रा निकाली।
यात्रा के दौरान एक्सप्रेसवे पर कई स्थानों पर वाहनों की रफ्तार थम गई। ट्रैक्टरों के साथ बड़ी संख्या में बाइक सवारों के पहुंचने से यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई। तेज रफ्तार वाहनों के बीच ट्रैक्टर और बाइक आने के कारण टकराव की स्थिति बनने की आशंका भी बनी रही। प्रशासन की ओर से यात्रा को लेकर किए गए इंतजामों के बावजूद किसान एक्सप्रेसवे पर पहुंच गए।
नरेश टिकैत ने कहा कि तिरंगा यात्रा की घोषणा करीब डेढ़ माह पहले ही कर दी गई थी। उन्होंने कहा कि आजादी के पर्व पर तिरंगा यात्रा का विरोध नहीं होना चाहिए था और प्रशासन को पहले से ही उचित व्यवस्था करनी चाहिए थी। टिकैत ने कहा कि गांगनौली कट की मांग को लेकर किसानों का आंदोलन लगातार जारी है। इसी मांग को प्रमुखता से उठाने के लिए तिरंगा यात्रा निकाली गई।
गौरतलब है कि गांगनौली में दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर कट की मांग को लेकर किसानों का धरना चल रहा है। किसानों का कहना है कि एक्सप्रेसवे बनने के बाद आसपास के गांवों के लोगों के लिए आवागमन मुश्किल हुआ है। गांगनौली कट मिलने से क्षेत्र के लोगों को आवागमन में राहत मिल सकती है। इसी मांग को लेकर भाकियू ने तिरंगा यात्रा के माध्यम से अपना विरोध दर्ज कराया।



