Motivational Thought : इंसानियत और विनम्रता ही इंसान की सबसे बड़ी पहचान
धन और पद बदल सकते हैं, लेकिन अच्छा व्यवहार हमेशा लोगों के दिलों में रहता है।

Lucknow Desk : आज के समय में हर व्यक्ति अपने जीवन में आगे बढ़ना चाहता है। कोई अच्छा पद पाना चाहता है, तो कोई अधिक धन कमाना चाहता है। मेहनत करके सफलता पाना अच्छी बात है, लेकिन सफलता मिलने के बाद अपनी इंसानियत और विनम्रता को भूल जाना सही नहीं है। पद और पैसा हमेशा एक जैसे नहीं रहते, लेकिन अच्छा व्यवहार और सच्ची इंसानियत जीवन भर लोगों के दिलों में जगह बनाए रखते हैं।
हम अपने आसपास कई ऐसे लोगों को देखते हैं जो साधारण परिवार से निकलकर बड़े अधिकारी, व्यापारी या नेता बन जाते हैं। कुछ लोग सफलता मिलने के बाद भी पहले की तरह सरल और विनम्र बने रहते हैं। वे अपने पुराने दोस्तों, पड़ोसियों और जरूरतमंद लोगों का सम्मान करते हैं। ऐसे लोगों की हर जगह प्रशंसा होती है। वहीं कुछ लोग थोड़ा सा धन या बड़ा पद मिलते ही दूसरों को छोटा समझने लगते हैं। वे अभिमान में आकर लोगों से ठीक तरह से बात भी नहीं करते। ऐसे लोगों से लोग केवल मजबूरी में जुड़े रहते हैं, दिल से उनका सम्मान नहीं करते।
हमारे रोजमर्रा के जीवन में भी इसके कई उदाहरण देखने को मिलते हैं। किसी दफ्तर में यदि अधिकारी अपने कर्मचारियों से सम्मानपूर्वक बात करता है, उनकी समस्याएँ सुनता है और जरूरत पड़ने पर उनकी मदद करता है, तो सभी लोग उसके साथ खुशी से काम करते हैं। दूसरी ओर, यदि वही अधिकारी केवल अपने पद का घमंड दिखाए, तो लोग उसका सम्मान नहीं बल्कि केवल डर करते हैं। यही बात दुकानदार, शिक्षक, डॉक्टर, किसान या किसी भी व्यक्ति पर लागू होती है। अच्छा व्यवहार हर जगह रिश्तों को मजबूत बनाता है।
कहा जाता है कि असली धन पैसा नहीं, बल्कि अच्छा स्वभाव है। दयालुता, ईमानदारी, दूसरों का सम्मान और मदद करने की भावना ही इंसान को महान बनाती है। धन और पद कभी भी कम या ज्यादा हो सकते हैं, लेकिन यदि किसी व्यक्ति का व्यवहार अच्छा है, तो लोग उसे हमेशा याद रखते हैं। कई बार हम ऐसे लोगों को भी देखते हैं जिनके पास बहुत अधिक धन नहीं होता, फिर भी पूरे गाँव या मोहल्ले में उनका सम्मान होता है, क्योंकि वे सबके सुख-दुख में साथ खड़े रहते हैं।
समय हमेशा एक जैसा नहीं रहता। आज जो व्यक्ति बहुत ऊँचे पद पर है, कल वह सामान्य जीवन भी जी सकता है। व्यापार में नुकसान हो सकता है, नौकरी छूट सकती है या परिस्थितियाँ बदल सकती हैं। ऐसे समय में घमंड किसी काम नहीं आता। उस समय वही लोग साथ खड़े होते हैं जिनके साथ हमने अच्छा व्यवहार किया होता है। इंसानियत और अपनापन ही कठिन समय में सबसे बड़ा सहारा बनते हैं।
इसलिए हमें जीवन में चाहे जितनी भी सफलता मिले, कभी अभिमान नहीं करना चाहिए। विनम्रता, सादगी और इंसानियत को हमेशा अपने जीवन का हिस्सा बनाए रखना चाहिए। दूसरों का सम्मान करना, जरूरतमंद की सहायता करना और सभी से प्रेमपूर्वक व्यवहार करना ही सच्ची सफलता है। आखिर में लोग हमारे पद या धन को नहीं, बल्कि हमारे अच्छे स्वभाव और इंसानियत को ही याद रखते हैं। यही जीवन की सबसे बड़ी कमाई और सबसे बड़ी पहचान है।
लेखक : अजीत प्रताप सिंह
स्वतंत्र पत्रकार



